Monday, August 29, 2011

India in England -

२९ अगस्त २०११, लन्दन - इस सप्ताह भारत और इंग्लैंड के बीच ५ एक-दिवसीय मैचों की श्रंखला आरम्भ होने वाली है जिसकी शुरुआत एक टी-२० मैच से होगी. विदित होकी ४ मैचों की टेस्ट मैच श्रंखला में भारत पहले ही धुल चाट चूका है. यद्यपि भारत के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी इस एक दिवसीय श्रंखला में संभावित प्रदर्शन को लेकर काफी उत्साहित नजर आये. धोनी ने कहा की, "हम विश्व चैम्पियन हैं और एक विश्व चैम्पियन की तरह ही खेलेंगे." जब उनको यह याद दिलाया गया की टेस्ट श्रंखला के पहले भी वोह नंबर १ थे लेकिन उनका खेल तो नंबर १० से भी बदतर था तो धोनी हलके से क्रोधित हो गए और बोले "आप लोग चाहते हैं मैं वोह सब भूलूँ या नहीं? ४-० की हार भुलाने के लिए कल मैं फुटबाल का मैच देखने गया. साला वहां भी मेरी पसंदीदा टीम ८-२ से हार गयी. अब उनके कप्तान ने खून पी लिया है मेरा फ़ोन कर कर के की कैसे इस सदमे से बाहर आया जाए?"

धोनी को संभालते हुए भारत के कोच Duncan Fletcher ने कहा की "देखिये, भले ही हम यह श्रंखला ५-० से हार जाएँ, हम फिर भी विश्व चैम्पियन रहेंगे. इंग्लैंड यह बात भली भाँती जानता है अतः उसके पास इस श्रंखला में जोर लगाने का कोई कारण ही नहीं है. हम बार बार यही चिल्लायेंगे की हम विश्व चैम्पियन हैं और इंग्लैंड पे इतना मनोवैज्ञानिक दबाव डालेंगे की वोह बिना खेले ही हार मान लें." लेकिन जब उनसे यह कहा गया की इंग्लैंड जैसी शाश्क्त  टीम ऐसे कैसे हार मान लेगी तो उन्होंने कहा "उनके आधे से ज्यादा खिलाडी दक्षिण अफ़्रीकी हैं जो विश्व कप के नाम से ही हथियार दाल देते हैं. हमको पूरा विश्वास है की हमारी यह योजना सफल होगी. Kevin Petersen ने तो श्रंखला आरम्भ होने के पहले ही  खेलने से मन कर दिया है" उन्होंने यह भी बोला की "हमने भारत से काफी सारे युवा खिलाडी बुला लिए हैं. अब हमको अंतिम ११ खिलाडी चुनने में कोई समस्या नहीं होगी" जब हमने उनसे पूछा की क्या उनका इशारा २८ वर्षीय मध्यम तेज गति के गेंदबाज विनय कुमार की तरफ है तो उन्होंने कहा "नहीं, मेरा इशारा टीम मेनेजर शिवलाल यादव की तरफ था."

वहीँ विश्वस्त सूत्रों से यह समाचार मिला है की गौतम गंभीर को अपने सर पे लगी चोट की वजह से भारत लौटना पद रहा है. लेकिन हमारे विश्वस्त सूत्र यह भी कहते हैं की गौतम के सर की चोट एक बहाना है उनकी भारत वापिसी का. असल में जबसे गौतम और इशांत के बीच पनप रही घनिष्ठ मित्रता का खुलासा हुआ है, उनके घरवालों ने गौतम पे दबाव बनाना चालू कर दिया है. गौतम के एक करीबी रिश्तेदार ने नाम न उजागर करने की शर्त पे बोला की "हम कब से कह रहे हैं लड़के की शादी करवा दो. लेकिन यह लोग सुनते ही नहीं. देख लो अब लड़के का क्या हाल हो गया है. इसलिए हमने बोला की लड़के को वापिस बुलाओ, बाबा से उसकी इस बीमारी का इलाज करवा के जल्दी से उसकी शादी करवा देते हैं. मैंने तो अपनी बीवी के मामा की भतीजी स्वीटी का रिश्ता भी भेज दिया है. बड़ी ही सुन्दर और सुशील कन्या है स्वीटी."

वहीँ बीसीसीआई ने एक वक्तव्य में यह कहा है की वोह विडियो गलत तरह से प्रदर्शित किया गया है. बीसीसीआई ने यह भी कहा की यह भारतीय टीम के मनोबल तो तोड़ने की एक साजिश थी. लोग भारतीय टीम के दो महत्त्वपूर्ण खिलाडियों के चरित्र पे लांछन लगा कर टीम पर मनोवैज्ञानिक दबाव बनाना चाहते हैं. हमारे संवाददाता ने जब पुछा की "टीम फॉर्म को देखते हुए किसी ऐसी चाल की जरूरत भी थी? अंतिम टेस्ट तक तो टीम में न कोई मन दिख रहा था खेलने का और न ही कोई बल दिख रहा था. कोई वैज्ञानिक भी चमत्कार नहीं कर सकता था" तो इसके जवाब में बीसीसीआई ने कहा की उन्होंने एक कमिटी बनायीं है जो सारे मामले की जांच करेगी.
 
PS: Hoping that you will find some sense in this stale humor. Any sentiments hurts, related to any person living or dead or any organization is deeply regretted. This article is completely fictitious.

1 comment:

Spiff said...

I think you are being over sensitive towards video games